Question
'कुत्ते की सीख' काव्य से क्या बोध मिलता है ?

Answer

'कुत्ते की सीख' काव्य में एक शिकारी कुत्ता एक खरहे का पीछा करता है और खरहा अपनी जान बचाने के लिए भागता हुआ एक कँटीली झाड़ी में छिप जाता है और उसकी जान बच जाती है।
इस काव्य से यह बोध मिलता है कि वाहे छोटा जीव हो या बड़ा, कमजोर हो या शक्तिशाली, जब उसके प्राणों पर बन आती है, तो उसमें अ‌द्भुत शक्ति आ जाती है। व्यक्ति को संकट के समय अपनी सारी शक्ति लगाकर अपनी जान बचानी चाहिए।

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