स्वयं: यदि स्त्री शिक्षित होगी, तो उसका जीवन स्तर अच्छा रहेगा। वह आत्मनिर्भर बनेगी। समाज में उसका सम्मान होगा। वह अपने देश और समाज के लिए अपना योगदान देने में समर्थ होगी। परिवार – यदि स्त्री शिक्षित होगी, तो वह अपने परिवार को भी शिक्षित बना सकती है। अपने परिवार को सही दिशा दिखा सकती है। अपने परिवार की आर्थिक मदद कर सकती है। सामाजिक कुरीतियों से बचा सकती है।
समाज – अक्सर देखा जाता है कि महिलाएँ तरह-तरह के अंधविश्वास एवं सामाजिक बुराइयों का शिकार हो जाती हैं। यदि स्त्री शिक्षित होगी, तो समाज में जागरूकता लाकर सामाजिक उत्थान कर सकती है। देश – यदि स्त्री शिक्षित होगी, तो देश में विकास की क्रांति आ सकती है। कहा जाता है कि देश पढ़ेगा तो देश आगे बढ़ेगा। शिक्षित स्वी देश में व्याप्त बुराइयों को दूर कर प्रगति पथ पर अग्रसर हो सकती है।